भारतीय एकता के लक्ष्य का साधन हिंदी भाषा का प्रचार है। - टी. माधवराव।
कौरव कौन, कौन पांडव (काव्य)    Print  
Author:Atal Bihari Vajpayee
 

कौरव कौन
कौन पांडव,
टेढ़ा सवाल है।

दोनों ओर शकुनि
का फैला
कूटजाल है।

धर्मराज ने छोड़ी नहीं
जुए की लत है।
हर पंचायत में
पांचाली
अपमानित है।

बिना कृष्ण के
आज
महाभारत होना है,
कोई राजा बने,
रंक को तो रोना है।

- अटल बिहारी वाजपेयी

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