राष्ट्रभाषा के बिना आजादी बेकार है। - अवनींद्रकुमार विद्यालंकार

बच्चों की कविताएं

यहाँ आप पाएँगे बच्चों के लिए लिखा बाल काव्य जिसमें छोटी बाल कविताएं, बाल गीत, बाल गान सम्मिलित हैं।

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हिन्दी ही अपने देश का गौरव है मान है - डा. राणा प्रताप सिंह गन्नौरी 'राणा'

पश्चिम की सभ्यता को तो अपना रहे हैं हम,
दूर अपनी सभ्यता से मगर जा रहे हैं हम ।

 
मुन्नी-मुन्नी ओढ़े चुन्नी - द्वारिकाप्रसाद माहेश्वरी

मुन्नी-मुन्नी ओढ़े चुन्नी
गुड़िया खूब सजाई।
किस गुड्डे के साथ हुई तय
इसकी आज सगाई?

 
चार बाल गीत - प्रभुद‌याल‌ श्रीवास्त‌व‌ | Prabhudyal Shrivastava

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