राष्ट्रभाषा के बिना आजादी बेकार है। - अवनींद्रकुमार विद्यालंकार

Hindi Poems & Poetry - हिंदी कविता संकलन


Hindi Poems & Poetry - हिंदी कविता संकलन
सभी कविताएँ (All) कविताएं कुंडलिया क्षणिकाएं ग़ज़लें गीत दोहे राष्ट्र गान राष्ट्रीय गीत साखी हाइकु हास्य काव्य हिंदी भजन
  1. मुक्ता

    मुक्ता - सोहनलाल द्विवेदी की 'भैरवी' से राष्ट्र-जागरण का संदेश देती कविता।

    कविता पढ़ें
  2. विश्व-बोध

    विश्व-बोध - गौरीशङ्कर मिश्र ‘द्विजेन्द्र'की कविता.

    कविता पढ़ें
  3. सुभाषचन्द्र

    सुभाषचन्द्र - गयाप्रसाद शुक्ल सनेही की कविता. Subhash Chandra - a patriotic Hindi poem by Gayaprasad Shukla Sanehi

    कविता पढ़ें
  4. हम स्वेदश के प्राण

    हम स्वदेश के प्राण - गयाप्रसाद शुक्ल सनेही की देश प्रेम से ओतप्रोत कविता! Hindi patriotic poem by Gyaprasad Shukla Sanehi. Almost all the poets of DWI…

    कविता पढ़ें
  5. समय

    समय -हर्षवर्धन व्यास की कविता. Hindi poem by Harshvardhan Vyas

    कविता पढ़ें
  6. कवि

    कवि - भवानी प्रसाद मिश्र की कविता | Kavi - Poem by Bhawani Prasad Mishra

    कविता पढ़ें
  7. कर्त्तव्यनिष्ठ

    कर्त्तव्यनिष्ठ - फेसबुक आचरण पर कुठाराघात करती रोहित कुमार 'हैप्पी' की एक व्यंग्यात्मक कविता। A Hindi poem on Facebook.

    कविता पढ़ें
  8. तीन कवितायें

    प्रदीप मिश्र तीन कवितायें - प्रदीप मिश्र परमाणु ऊर्जा विभाग के राजा रामान्ना प्रगत प्रौद्योगिकी केन्द्र, इन्दौर में वैज्ञानिक अधिकारी के पद पर कार्यरत…

    कविता पढ़ें
  9. अनसुनी करके

    अनसुनी करके- रवीन्द्रनाथ टैगोर की कविता। A poem by Ravindranath Tagore

    कविता पढ़ें
  10. अरे भीरु

    अरे भीरु- रवीन्द्रनाथ टैगोर की कविता। A poem by Ravindranath Tagore

    कविता पढ़ें
  11. नहीं मांगता

    नहीं मांगता - रवीन्द्रनाथ टैगोर की कविता। A poem by Ravindranath Tagore

    कविता पढ़ें
  12. गिरमिट के समय

    गिरमिट के समय - फीज़ी के बंधुआ मज़दूरों पर कमला प्रसाद मिश्र की मार्मिक कविता। Girmit Ke Samay - Hindi poem dedicated to indentured labourers from Ind…

    कविता पढ़ें
  13. सात सागर पार

    सात सागर पार - फीज़ी की व्यथा-कथा कहती फीज़ी के कवि जोगिन्द्र सिंह कंवल की कविता। Hindi poem by Fiji poet Joginder Singh Kanwal

    कविता पढ़ें
  14. आओ ! आओ ! भारतवासी ।

    आओ ! आओ ! भारतवासी । प्रथम हिन्दी साहित्य सम्मेलन 10 अक्टूबर 1910 को बाबू जगन्नाथ बी० ए० द्वारा लिखा गया गीत जो सम्मेलन में स्कूल के विद्यार्थियों न…

    कविता पढ़ें
  15. कभी गिरमिट की आई गुलामी

    कभी गिरमिट की आई गुलामी - 2000 के तख्तापलट के समय लिखी गई जोगिन्द्र सिंह कंवल की कविता। A Hindi poem on Fiji during 2000 Fiji Coup by Kanwal Singh Kan…

    कविता पढ़ें

मेरी पसंदीदा रचनाएँ

आपने अभी तक कोई रचना सहेज कर नहीं रखी है।