देशभाषा की उन्नति से ही देशोन्नति होती है। - सुधाकर द्विवेदी।

बेकाम कविता | हास्य कविता

मुझसे एक न पूछा-- 
"आप क्या करते हैं?" 
मैंने कहा--"कविता करता हूँ।" 
"कविता तो ठीक है, 
आप काम क्या करते हैं?" 
मुझे लगा, 
कविता करना कोई काम नहीं है। 
कविता वह करता है, 
जिसको कोई काम नहीं है।

- कुंजबिहारी पांडेय 

 

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