मैं दुनिया की सब भाषाओं की इज्जत करता हूँ, परन्तु मेरे देश में हिंदी की इज्जत न हो, यह मैं नहीं सह सकता। - विनोबा भावे।

अपील

अपील | Hindi Poem by Laxmi Shankar Bajpai

दुनिया भर की सारी धार्मिक किताबों ने,
एक सामूहिक अपील जारी की है…
कि हम आपकी श्रद्धा और सम्मान के लिए 
हृदय से आभारी हैं…
लेकिन काश आप हमें पूजने की बजाय
पढ़ लेते!
पढ़ने के साथ-साथ समझ लेते… 
समझने के साथ-साथ
अपने जीवन में उतार लेते…
अंत में बड़ी याचना से लिखा है… 
हमें हमारा स्वाभाविक परिवेश लौटायें
हमें पूजाघरों से मुक्ति दिलाएं!!!

-लक्ष्मी शंकर वाजपेयी

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