देशभाषा की उन्नति से ही देशोन्नति होती है। - सुधाकर द्विवेदी।
अपना जीवन.... | ग़ज़ल
अपना जीवन निहाल कर लेते
औरों का भी ख़याल कर लेते
जब भी पूछो हो हमसे पूछो हो
आज ख़ुद से सवाल कर लेते
दिल पे जादू है बस मुहब्बत का
आप भी यह कमाल कर लेते
गर न उन पर नजर तेरी होती
लोग क्या अपना हाल कर लेते
मौत के जाल से निकलते तो
ज़िंदगी को बहाल कर लेते
ए 'कुँअर' ख़ुद पे भी नज़र रखते
अपनी भी देखभाल कर लेते
- कुअँर बेचैन
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