हिंदी ही भारत की राष्ट्रभाषा हो सकती है। - वी. कृष्णस्वामी अय्यर
ये शोर करता है कोई
कितना और बोले
कोई तो बताए
सुनाई देती नहीं
कोई तो समझाये
काबिल है कोई
देखता नहीं कोई
खो गया है कोई
ढूंढे तो कोई
फिर मत कहना कोई
ये शोर करता है कोई
- मोहित कुमार शर्मा
प्रतिक्रियाएं (Comments) - 0
टिप्पणी लिखें (Write a Comment)