हमारी नागरी दुनिया की सबसे अधिक वैज्ञानिक लिपि है। - राहुल सांकृत्यायन।
छोटे से बड़ा
जब मैं
छोटा था
जिंदगी
'सुखी' थी
बड़ा हुआ
जिंदगी
'सूखी' हो गई
अंतर
कुछ नहीं आया
बड़ा होने के साथ
'उ' की मात्रा
बड़ी हो गई।
- शिव 'मृदुल'
[साभार - पानी की लकीर]
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