सितम्बर-अक्टूबर 2021
Released: September 2021
इस अंक की कुल रचनाएँ : 67
<p>भारत-दर्शन के इस अंक में हमने अनेक कहानियाँ प्रकाशित की हैं, जिनमें हिंदी की वे सभी कहानियाँ जिन्हें विभिन्न विद्वानों ने 'हिंदी की प्रथम कहानी' माना है, सम्मिलित हैं। This issue includes stories, article and short stories. Read Online Bharat-Darshan (New Zealand) for Premchand literatire.</p>
भारत-दर्शन से जुड़ें : फेसबुक - ट्विटर
सदैव की भांति इस अंक में भी 'कथा-कहानी' के अंतर्गत कहानियाँ, लघु-कथाएं व बाल कथाएं। इस अंक के काव्य में सम्मिलित है - कविताएं, दोहे, भजन, बाल-कविताएं, हास्य कविताएं व गज़ल।
बाल साहित्य में बाल-कविताएँ, पंचतंत्र की कहानी प्रकाशित की गई है। हमारा प्रयास रहा है कि ऐसी सामग्री प्रकाशित की जाए जो इंटरनेट पर उपलब्ध नहीं है। आप पाएंगे कि यहाँ प्रकाशित अधिकतर सामग्री केवल 'भारत-दर्शन' के प्रयास से इंटरनेट पर अपनी उपस्थिति दर्ज कर रही है ।
भारत-दर्शन के इस कथा-कहानी अंक में हमने अनेक कहानियाँ प्रकाशित की हैं, जिनमें हिंदी की वे सभी कहानियाँ जिन्हें विभिन्न विद्वानों ने 'हिंदी की प्रथम कहानी' माना है, सम्मिलित हैं।
हिंदी की पहली कहानी कौनसी है, यह आज भी चर्चा का विषय है। विभिन्न कहानियाँ 'पहली कहानी' होने की दावेदार रही हैं। आज भी इसपर चर्चा-परिचर्चा होती है। सयैद इंशाअल्लाह खाँ की 'रानी केतकी की कहानी', राजा शिवप्रसाद सितारे हिंद की लिखी 'राजा भोज का सपना' किशोरीलाल गोस्वामी की 'इंदुमती', माधवराव स्प्रे की 'एक टोकरी भर मिट्टी', आचार्य रामचंद्र शुक्ल की 'ग्यारह वर्ष का समय' व बंग महिला की 'दुलाई वाली' अनेक कहानियाँ हैं जिन्हें अनेक विद्वानों ने अपना पक्ष रखते हुए हिंदी की सर्वप्रथम कहानी कहा है।
इसी प्रकार प्रकाशित लघुकथाओं में भी, कुछ प्रथम कहीं जाने वाली लघुकथाएँ भी सम्मिलित की गई हैं।
प्रेमचंद, जयशंकर प्रसाद और निराला की पहली रचनाओं के अतिरिक्त अनेक विधाओं की प्रथम रचनाएँ प्रकाशित करने का एक प्रयास किया गया है।
'भारत-दर्शन' का यह प्रयास पाठकों को रोचक व पठनीय लगेगा, ऐसा हमारा विश्वास है।
भारत-दर्शन का सम्पूर्ण अंक पढ़ें।
Links: